Tuesday, March 09, 2021
Follow us on
 
BREAKING NEWS
गन प्वांइट पर फॉर्च्यूनर कार लूटने वालें आरोपियो को भेजा जेल क्राईंम ब्राचं पचंकूला ने भैसं चोर को लिया पुलिस रिमाण्ड पर संगरूर सांसद भगवंत मान ने किसान आंदोलन को लेकर पंजाब की कांग्रेस पार्टी और शिरोमणि अकाली दल नेताओं पर तीखी टिप्पणी कीकांग्रेस सदन में किसानों के मुद्दे पर सरकार के ख़िलाफ़ अविश्वास प्रस्ताव लाएगी - भूपेंद्र सिंह हुड्डाजजपा ने पंचकूला नगर निगम मेयर व वार्ड मेंबर्स के चुनाव के लिए कमर कसी उपायुक्त जयबीर सिंह आर्य ने लघु सचिवालय परिसर, चिडिय़ाघर रोड़, बीपीएस रोड़ और हुडा पार्क के आसपास किया निरीक्षण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी किसानों को वो कानूनी अधिकार दे रहे हैं-- रत्नलाल कटारिया कोविड-19 टीकाकरण के लिए गठित जिला स्तरीय टास्क फोर्स कमेटी की पहली बैठक में हुई तैयारियों की समीक्षा
 
 
 
Sports

मिताली राज का आरोप- कोच रमेश पोवार ने मुझे अपमानित किया

November 27, 2018 09:31 PM

अनुभवी बल्लेबाज मिताली राज को महिला टी-20 वर्ल्ड कप सेमीफाइनल मैच में शामिल न करने के विवाद ने अब बड़ा रूप ले लिया है. मिताली ने कोच रमेश पोवार पर आरोप लगाया है कि उन्हें (मिताली को) नीचा दिखाने की कोशिश की गई है. मिताली ने बीसीसीआई (भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड) को भेजे गए ई-मेल के जरिये अपना पक्ष रखा है. इंडिया टुडे के पास उस ई-मेल की कॉपी है.

मिताली ने कोच रमेश पोवार को निशाने पर लिया है. उन्होंने पोवार पर भेदभावपूर्ण नीति अख्तियार करने का आरोप लगाया. साथ ही अपमानित करने की भी बात कही है. मिताली ने डायना एडुलजी पर भी आरोप लगाए हैं. मिताली राज ने लिखा है, 'कोच ने मुझसे कहा कि ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मैच के लिए मैदान पर भी मत आना. मैच के बाद कोच ने कहा- बाहर बैठकर और टीम से ड्रॉप होने के बाद कैसा महसूस हो रहा है.'

35 साल की मिताली ने बीसीसीआई को लिखा है कि प्रशासकों की समिति (सीओए) की सदस्य डायना एडुलजी ने अपने पद का दुरुपयोग किया है. मिताली ने कहा, 'डायना एडुलजी ने मुझे बुलाया और मेरी पीठ में छुरा घोंपने वाला काम किया और मेरे साथ जो कुछ भी किया गया उसे उचित ठहराया.'

मिताली को बाहर करना पड़ा महंगा, हरनमनप्रीत बोलीं- पछतावा नहीं

उन्होंने बीसीसीआई सीईओ राहुल जोहरी और क्रिकेट संचालन महाप्रबंधक सबा करीम को लिखे पत्र में कहा,‘ मेरे 20 बरस के लंबे करियर में पहली बार मैंने अपमानित महसूस किया. मुझे यह सोचने पर मजबूर होना पड़ा कि देश के लिए मेरी सेवाओं की अहमियत सत्ता में मौजूद कुछ लोगों के लिए है भी या नहीं या वे मेरा आत्मविश्वास खत्म करना चाहते हैं .’

उन्होंने कहा,‘मैं टी-20 कप्तान हरमनप्रीत के खिलाफ कुछ नहीं कहना चाहती, लेकिन मुझे बाहर रखने के कोच के फैसले पर उसके समर्थन से मुझे दुख हुआ.’ मिताली ने कहा ,‘मैं देश के लिए विश्व कप जीतना चाहती थी. मुझे दुख है कि हमने सुनहरा मौका गंवा दिया.’

मिताली ने कहा ,‘मैंने हमेशा डायना एडुल्जी पर भरोसा जताया ओर उनका सम्मान किया. मैंने कभी यह नहीं सोचा कि वह मेरे खिलाफ अपने पद का दुरुपयोग करेंगी. खासकर तब, जबकि वेस्टइंडीज में जो कुछ मेरे साथ हुआ, मैं उन्हें बता चुकी थी.’ उन्होंने कहा,‘मुझे सेमीफाइनल से बाहर रखने के फैसले को उनके समर्थन से मैं काफी दुखी हूं क्योंकि उन्हें तो असलियत पता थी.’

पोवार के बारे में उन्होंने कहा कि ऐसी कई घटनाएं हुईं, जब अपमानित महसूस किया. मिताली ने कहा,‘यदि मैं कहीं आसपास बैठी हूं, तो वह निकल जाते थे या दूसरों को नेट पर बल्लेबाजी करते समय देखते थे, लेकिन मैं बल्लेबाजी कर रही हूं तो नहीं रुकते थे. मैं उनसे बात करने जाती, तो फोन देखने लगते या चले जाते.’ मिताली ने कहा,‘यह काफी अपमानजनक था और सभी को दिख रहा था कि मुझे अपमानित किया जा रहा है, इसके बावजूद मैंने अपना आपा नहीं खोया ,’

मिताली ने कहा,‘हालात बेकाबू होने पर मैंने टीम मैनेजर से भी बात की, लेकिनउसके बाद हालात बदतर होते चले गए. कोच के लिए मानो मैं टीम में थी ही नहीं.’ मिताली ने कहा कि पोवार ने उन्हें ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मैच में मैदान पर नहीं आने के लिए कहा. मिताली ने आगे कहा,‘शाम को टीम बैठक के बाद रमेश ने मेरे कमरे में फोन किया और कहा कि मैदान पर नहीं आना, क्योंकि वहां मीडिया होगा. मैं स्तब्ध रह गई कि मेरे टीम के साथ होने से मीडिया को क्या दिक्कत है. हमारे सबसे बड़े मैच में मुझे अपनी टीम से अलग रहने को कहा गया.’

गौरतलब है कि भारतीय महिला टी-20 कप्तान हरमनप्रीत कौर और वनडे कप्तान मिताली राज बीसीसीआई अधिकारियों से मिली चुकी हैैं. मिताली को टी-20 विश्व कप सेमीफाइनल में फिट होने के बावजूद अंतिम-11 से बाहर बैठा दिया गया था. सेमीफाइनल में भारत की आठ विकेट से करारी मिलने के बाद भी हरमनप्रीत कौर इस फैसले को ठीक ठहराती दिखीं. इस विवाद पर दोनों वरिष्ठ खिलाड़ी और मैनेजर तृप्ति भट्टाचार्य पिछले दिनों बीसीसीआई सीईओ राहुल जोहरी और जीएम सबा करीम से मिलीं.

मिताली को बाहर बैठाने पर मैनेजर ने हरमनप्रीत को 'झूठा' बताया

टूर्नामेंट में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मैच में घुटने की चोट के कारण मिताली बाहर थीं, लेकिन उससे पहले खेले गए दो मैचों में उन्होंने लगातार अर्धशतकीय पारियां खेली थीं. सेमीफाइनल मैच से एक दिन पहले उन्हें फिट घोषित कर दिया गया था. बावजूद इसके प्रबंधन ने उन्हें बेंच पर बैठाकर ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ जीत हासिल करने वाली अंतिम एकादश को बरकरार रखने का फैसला किया.

उधर, एडुलजी का कहना है, 'सीओए इस मामले में खुद शामिल नहीं होगी. हम क्रिकेट के मुद्दों में हस्तक्षेप नहीं करेंगे. अंतिम एकादश में कौन खेलता है, यह हमारी सरदर्दी नहीं है और यह किसी और की परेशानी भी नहीं होनी चाहिए. इसका फैसला टीम प्रबंधन को लेना चाहिए. टीम प्रबंधन के फैसलों पर सवाल उठाना सीओए का काम नहीं है.'

Have something to say? Post your comment
More Sports News
बीसीसीआई सचिव जय शाह ने किया न्यू चंडीगढ़ में पीसीए के न्यू क्रिकेट स्टेडियम का दौरा
रबल टीएमटी हिमाचल फुटबॉल लीग, हिमाचल एफसी और टेक्ट्रो स्वाड्स में होगा फाइनल मुकाबला
हार्दिक पंड्या-केएल राहुल पर लगा बैन हटा 1956 के ओलंपिक गोल्ड मेडलिस्ट रघबीर सिंह भोला नही रहे पंड्या-राहुल के 'भविष्य' पर फैसले में होगी देरी, जानिए क्या है वजह विराट कोहली का खास संयोग से बना 15 जनवरी से शतक कनेक्शन हार्दिक पंड्या- केएल राहुल की जगह विजय शंकर और शुभमन गिल को वनडे टीम में मौका महिलाओं पर अश्लील टिप्पणी में फंसे पंड्या ने BCCI से मांगी माफी ऑस्ट्रेलिया में कुलदीप ने 64 साल पुराने रिकॉर्ड की बराबरी की, वॉर्न ने दी शाबाशी IND vs AUS: ऋषभ पंत ने बताया- मैदान पर छींटाकशी से उनको क्या मिलता है